चाईबासा, 12 अप्रैल 2026: झारखंड में उत्पाद सिपाही बहाली परीक्षा में प्रश्न पत्र लीक होने के मामले को लेकर चाईबासा के पोस्ट ऑफिस चौक पर रविवार को जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनकारियों ने मुख्यमंत्री का पुतला दहन कर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और भर्ती प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं पर नाराजगी जताई।
भर्ती प्रक्रिया पर उठे गंभीर सवाल
प्रदर्शन का नेतृत्व गीता बालमुचू ने किया। उन्होंने आरोप लगाया कि परीक्षा में बड़े स्तर पर भ्रष्टाचार हुआ है और मेहनती अभ्यर्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि लगभग 164 नकलची छात्रों की गिरफ्तारी हुई है और 10-15 लाख रुपये लेकर प्रश्न पत्र बेचे जाने की बात सामने आई है, जो परीक्षा प्रणाली की गंभीर खामियों को दर्शाता है।
“योग्य छात्रों के साथ हो रहा अन्याय”
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जिन अभ्यर्थियों के पास पहले से प्रश्न पत्र मिला, उनका पकड़ा जाना इस बात का प्रमाण है कि पूरी परीक्षा प्रणाली भ्रष्टाचार की चपेट में है। लगातार प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक की घटनाएं सामने आने से योग्य छात्रों के साथ अन्याय हो रहा है।

परीक्षा रद्द कर पुनः कराने की मांग
प्रदर्शनकारियों ने सरकार से मांग की कि:
- उत्पाद सिपाही बहाली परीक्षा को तत्काल रद्द किया जाए
- निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से पुनः परीक्षा आयोजित की जाए
- इस घोटाले में शामिल सभी दोषियों पर कड़ी कार्रवाई हो
साथ ही चेतावनी दी गई कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
कई कार्यकर्ता रहे मौजूद
इस विरोध प्रदर्शन में प्रताप कटिहार महतो, राकेश पोद्दार, हेमंत केसरी, रोहित दास, पवन शर्मा, श्रुति दास, पंकज खिरवाल, रीना कर, नितिन विश्वकर्मा, डोला कर, दीपक गुप्ता, सुप्रिया दास, अनिता दास, हर्ष रवानी, दीनू पटनायक सहित कई कार्यकर्ता एवं स्थानीय लोग शामिल हुए।
सभी ने एक स्वर में छात्रों के हित में न्याय की मांग करते हुए सरकार से पारदर्शी एवं निष्पक्ष व्यवस्था सुनिश्चित करने की अपील की।








