जिला परिषद सदस्य जॉन मीरन मुंडा की रिहाई को लेकर जिले के विभिन्न प्रखंडों से सैकड़ो ग्रामीणों ने किया धरना प्रदर्शन, कहा – झूठे केस में फंसाया गया

Chaibasa:- मजदूर नेता सह जिला परिषद सदस्य जॉन मीरन मुंडा की रिहाई को लेकर जिले के विभिन्न प्रखंडों से सैकड़ो ग्रामीणों ने जॉन मीरन मुंडा की धर्म पत्नी पुष्पा मुंडा के नेतृत्व में एक दिवसीय पुराना उपायुक्त कार्यालय के समक्ष धरना प्रदर्शन किया गया.

मजदूर नेता जॉन मीरन मुंडा को झूठे केस में जेल में डाले जाने के विरुद्ध जॉन मीरन मुंडा के रिहाई के लिए जिले के विभिन्न प्रखंडों से सैकड़ों मजदूर चाईबासा रेलवे स्टेशन से जुलूस की शक्ल में जॉन मीरन मुंडा को रिहा करो का नारा लगाते हुए पुराना उपायुक्त कार्यालय के पास धरना के शक्ल में तब्दील हो गए. पुष्पा मुंडा ने कहा की मेरे पति आदिवासी मजदूर किसान कमजोरों की लड़ाई को लड़ते आ रहे है, जिनका नतीजा है की टाटा, रूंगटा, राजकुमार शाह जैसे बड़े पूंजीपति और स्थानीय विधायक के गठजोड़ से मेरे पति को झूठे केस में जेल में डाल दिया गया है.

अखिल भारतीय क्रांतिकारी आदिवासी महासभा के जिला उपाध्यक्ष सह मंझारी प्रखंड जिला परिषद सदस्य माधव चंद्र कुंकल ने कहा की जॉन मीरन मुंडा को गरीबों के हक की लड़ाई लड़ने का कीमत चुकाना पड़ रहा है. जगन्नाथपुर जिला परिषद सदस्य मानसिंह तिरिया ने कहा कि जॉन मीरन मुंडा को जेल के अंदर तो बंद किया ही गया है. लेकिन जेल के अंदर भी सेल में डाल देना जेल प्रशासन की बड़ी साजिश लगती है की जॉन मीरन मुंडा को मानसिक नुकसान पहुंचाया जा सके. संगठन के सभी सदस्यों ने जॉन मीरन मुंडा की रिहाई तक संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया और आने वाले समय में राज्यपाल आवास के समक्ष विशाल धरना कर विरोध करने का निर्णय लिया.

मौके पर यूनियन के महामंत्री अंजनी कुमार पांडेय, सनिया उरांव, निखिल सोरेन, शत्रुघ्न कंकल, मोटाय तामसोय, शंकर बिरुवा, दशकन तियू, किशोर बिरुवा, मोरगा पूर्ति, मुख्ता टुडू,मालती दिग्गी, राउतु कायम, हीरा लाल हेंब्रम, महानायक सुंडी, सुशील पूर्ति, प्रेम हेंब्रम आदि उपस्थित थे.

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