गुवा सेल राजाबुरु खदान बंद: 10 गांवों का बड़ा आंदोलन

गुवा सेल राजाबुरु खदान बंद

गुवा सेल राजाबुरु खदान बंद होने के बाद सारंडा क्षेत्र में सामाजिक और प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। Steel Authority of India Limited (सेल) के अधीन संचालित राजाबुरु खदान को सोमवार सुबह 6 बजे से ग्रामीणों ने अनिश्चितकालीन रूप से बंद कर दिया। आंदोलन में 10 प्रभावित गांवों के लोग शामिल हैं, जो स्थानीय रोजगार और ग्राम सभा की अनुमति को लेकर अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं।

नए साल पर मजदूरों की एकजुटता, झारखंड मजदूर संघर्ष संघ ने गुवा सेल प्रबंधन को दी चेतावनी

गुवा सेल राजाबुरु खदान बंद

गुवा सेल राजाबुरु खदान बंद: आंदोलन की मुख्य वजह

ग्रामीणों का आरोप है कि गुवा सेल राजाबुरु खदान बंद करने की नौबत इसलिए आई क्योंकि खदान को बिना ग्राम सभा की स्वीकृति और पारंपरिक मानकी–मुंडाओं की सहमति के चालू कर दिया गया। आंदोलनकारियों का कहना है कि अनुसूचित क्षेत्रों में लागू Panchayats (Extension to Scheduled Areas) Act, 1996 (पेसा कानून) के तहत ग्राम सभा की अनुमति अनिवार्य है।

गुवा सेल राजाबुरु खदान बंद

75% स्थानीय रोजगार की मांग

आंदोलन की अगुवाई सारंडा पीढ़ के मानकी लागुड़ा देवगम कर रहे हैं। ग्रामीणों की प्रमुख मांग है कि खदान में कम से कम 75% रोजगार स्थानीय युवाओं को दिया जाए। उनका आरोप है कि ठेका कंपनी Maa Sarla Power Work द्वारा बाहरी मजदूरों को प्राथमिकता दी जा रही है, जिससे स्थानीय बेरोजगारी बढ़ रही है।

धरना स्थल पर डटे ग्रामीण

गुवा सेल राजाबुरु खदान बंद के समर्थन में ग्रामीण खदान परिसर के समीप डेरा डाले हुए हैं। वे वहीं भोजन बना रहे हैं और रात्रि में भी वहीं रुककर आंदोलन जारी रखे हुए हैं। प्रशासनिक निगरानी बढ़ा दी गई है, हालांकि स्थिति फिलहाल शांतिपूर्ण बताई जा रही है।

क्षेत्रीय प्रभाव और आगे की रणनीति

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि गुवा सेल राजाबुरु खदान बंद लंबे समय तक जारी रहा, तो इसका असर लौह अयस्क उत्पादन और स्थानीय अर्थव्यवस्था पर पड़ सकता है। सारंडा क्षेत्र की खदानें राज्य की औद्योगिक गतिविधियों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।

http://गुवा सेल सिविल विभाग में सीटू यूनियन का विरोध प्रदर्शन, महाप्रबंधक के हस्तक्षेप के बाद आंदोलन समाप्त

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सरायकेला निकाय चुनाव

Saraikela Nikay Election 2026: सरायकेला निकाय चुनाव: सरायकेला नगर पंचायत में दिखा भारी उत्साह, 11 बजे तक 31.30% मतदान; आदित्यपुर में गति धीमी, जिले के तीनों निकायों में शांतिपूर्ण मतदान जारी, महिला और बुजुर्ग मतदाताओं की भागीदारी में सरायकेला सबसे आगे