चाईबासा | संवाददाता
सदर प्रखंड अंतर्गत मतकमहातु एवं कमारहातु गांवों का संयुक्त मागे पर्व आगामी 27 फरवरी को श्रद्धा और परंपरा के साथ मनाया जाएगा। इस संबंध में रविवार को मतकमहातु गांव में दोनों गांवों की संयुक्त ग्रामसभा की बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्य दिउरी चंद्रमोहन देवगम की सहमति के उपरांत पर्व की तिथि निर्धारित की गई।
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मागे पर्व की तिथि तय होने के साथ ही पूजा-विधि से संबंधित अन्य अनुष्ठानों की तिथियां भी घोषित की गईं। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार
18 फरवरी को बोड़ोबोंजी,
22 फरवरी को अनादेर,
23 फरवरी को गाउमहरा,
25 फरवरी को ओतेइली/गोंवाबोंगा,
26 फरवरी को गुरि: पोरोब,
27 फरवरी को मारङ पोरोब,
28 फरवरी को जात्रा तथा
29 फरवरी को हरमगेया का आयोजन किया जाएगा।
बैठक में दिउरी चंद्रमोहन देवगम ने मागे पर्व को पूरी शुद्धता एवं विधि-विधान के साथ मनाने के लिए सभी से सहयोग की अपील की। उन्होंने कहा कि पूजा स्थल पर दिउरियों के समक्ष ही पारंपरिक मागे उच्चारण सभ्य एवं मर्यादित तरीके से किया जाए तथा अन्यत्र इसका प्रयोग न हो। पर्व के दौरान पारंपरिक वाद्य-यंत्रों के उपयोग के साथ उल्लासपूर्वक उत्सव मनाने की भी अपील की गई।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि पर्व की परंपराओं और विधि-विधान से युवाओं को जोड़ने के उद्देश्य से उन्हें विभिन्न जिम्मेदारियां सौंपी जाएंगी।
इस बैठक में मतकमहातु ग्राम मुंडा धनुर्जय देवगम, कमारहातु ग्राम मुंडा बिरसा, सोमय देवगम, सोनाराम देवगम, कृष्णा देवगम, धर्मदास देवगम, गोपाल देवगम, मधुसूदन देवगम, नारायण देवगम, तुराम देवगम, वीर सिंह गोप, चोकरो देवगम, बोयो गागराई, डोबरो देवगम, चाहत देवगम, नारंगा देवगम, विक्रम देवगम सहित बड़ी संख्या में दोनों गांवों के महिला-पुरुष एवं युवा उपस्थित थे।
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