गुवा। लौह नगरी गुवा में गुरुवार को भगवान जगन्नाथ की पावन रथयात्रा श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ संपन्न हुई। इस धार्मिक आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर भगवान जगन्नाथ, भगवान बलभद्र, देवी सुभद्रा और सुदर्शन जी के दर्शन किए तथा पूरे नगर में भक्तिमय वातावरण बना रहा।

रथयात्रा की शुरुआत प्रातःकाल चतुर्धा मूर्तियों के नेत्रोत्सव से हुई। इसके बाद नवयौवन वेश में सुसज्जित भगवान जगन्नाथ के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। मंदिर परिसर में मंगल आरती, अवकाश नीति, हवन-पूजन, भोग महाप्रसाद, पहंडी बिजे तथा छेरा पहंरा नीति सहित सभी धार्मिक अनुष्ठान वैदिक विधि-विधान के अनुसार संपन्न कराए गए।
धार्मिक अनुष्ठानों के पश्चात भगवान जगन्नाथ, भगवान बलभद्र, देवी सुभद्रा एवं सुदर्शन जी को भव्य रथ पर विराजमान कराया गया। गुवा सेल माइंस के सीजीएम चंद्रभूषण कुमार ने परंपरा का निर्वहन करते हुए रथ के चारों ओर स्वर्ण झाड़ू लगाकर छेरा पहंरा की रस्म पूरी की।

इसके बाद नगर कीर्तन के बीच महिला एवं पुरुष श्रद्धालुओं ने पूरे उत्साह के साथ भगवान के रथ को खींचते हुए विवेक नगर स्थित मौसीबाड़ी तक पहुंचाया। मान्यता के अनुसार भगवान जगन्नाथ नौ दिनों तक मौसीबाड़ी में विराजमान रहेंगे। इसके पश्चात बहुड़ा यात्रा के दौरान भगवान का रथ पुनः श्री जगन्नाथ मंदिर लाया जाएगा।
पूरी रथयात्रा के दौरान “जय जगन्नाथ” और “हरि बोल” के गगनभेदी जयघोष से गुवा का वातावरण भक्तिमय बना रहा। श्रद्धालुओं में भगवान के दर्शन और रथ खींचने को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिला।
इस अवसर पर जितेंद्र पंडा, अभिनाश दलाई, सुभाष पृष्टि, संतोष बेहरा, महिला समिति की अध्यक्ष शालू कुमार, भानु चंद्र दास, डॉ. आनंद सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।








