आदित्यपुर: नगर निगम चुनावों की बढ़ती तपिश के बीच वार्ड 17 में चुनावी समीकरण अब स्पष्ट होने लगे हैं। ‘विकास, सेवा और विश्वास’ के संकल्प के साथ मैदान में उतरे पार्षद प्रत्याशी बिरेंद्र कुमार सिंह यादव (क्रम संख्या 5, चुनाव चिन्ह: साइकिल पंप) ने अपने तूफानी जनसंपर्क अभियान से विरोधियों की चिंता बढ़ा दी है। क्षेत्र में उन्हें मिल रहा भारी समर्थन यह संकेत दे रहा है कि जनता इस बार वादों के बजाय ‘प्रमाण’ को प्राथमिकता दे रही है।

धरातल पर संघर्ष का इतिहास
बिरेंद्र सिंह यादव के पक्ष में सबसे बड़ी लहर उनके पिछले 20 वर्षों का सेवा पथ है। वे केवल चुनाव के समय सक्रिय होने वाले नेता नहीं, बल्कि वार्ड की मूलभूत समस्याओं के लिए दशकों से लड़ने वाले सिपाही रहे हैं। वर्ष 2002 में क्षेत्र में बिजली की किल्लत दूर करने के लिए दूसरा ट्रांसफॉर्मर लगवाना हो या जयप्रकाश नगर की सड़कों के लिए हाउसिंग बोर्ड से समन्वय कर भूमि आवंटित कराना, बिरेंद्र सिंह ने सदैव धरातल पर परिणाम दिए हैं।

संकट के साथी और सांस्कृतिक प्रहरी
राजनीति से इतर, सामाजिक और धार्मिक कार्यों में भी उनकी गहरी पैठ है। शिव काली मंदिर के पूर्व अध्यक्ष और माँ भवानी यूथ क्लब के संरक्षक के रूप में उन्होंने वार्ड की एकजुटता को बनाए रखा है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, कोरोना काल जैसी विभीषिका के दौरान बिरेंद्र सिंह ने जिस तरह अपनी जान जोखिम में डालकर राहत सामग्री और राशन पहुँचाया, वह उनकी सेवा भावना का जीवंत उदाहरण है।
वार्ड 17 की जनता के बीच चर्चा है कि बिरेंद्र सिंह यादव का ‘साइकिल पंप’ इस बार विकास की नई हवा भरने को तैयार है। उनके अनुभव और समर्पण को देखते हुए युवा और बुजुर्ग दोनों ही उनके पक्ष में लामबंद नजर आ रहे हैं।








