सरायकेला: सरायकेला-खरसावां जिले में सोमवार को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की टीम ने एक बड़ी और नाटकीय कार्रवाई को अंजाम दिया। एसीबी ने भू-अर्जन विभाग के लिपिक (क्लर्क) प्रीतम आचार्य को उस वक्त गिरफ्तार कर लिया, जब वह उपायुक्त कार्यालय में एक महत्वपूर्ण बैठक में शामिल थे। इस साहसिक कार्रवाई से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है।

एक साथ दो स्थानों पर छापेमारी
एसीबी की टीम ने सुनियोजित तरीके से एक साथ दो जगहों पर दबिश दी। एक ओर जहां सरायकेला समाहरणालय से लिपिक को उठाया गया, वहीं दूसरी ओर गम्हरिया प्रखंड कार्यालय परिसर से विनय कुमार तिवारी नामक दलाल को गिरफ्तार किया गया। बताया जा रहा है कि विनय तिवारी, प्रीतम आचार्य के लिए दलाली का काम करता था।

कार में नोट गिनते धराया दलाल
गिरफ्तारी के समय दलाल विनय तिवारी अपनी गाड़ी में बैठकर रिश्वत की रकम गिन रहा था। एसीबी की टीम ने उसे रंगे हाथों धर दबोचा। सूत्रों के अनुसार, यह पूरी कार्रवाई भू-अर्जन विभाग में जमीन से जुड़े एक मामले के निपटारे के एवज में मांगी गई भारी-भरकम रिश्वत की शिकायत पर की गई है।

आगे की कार्रवाई जारी
एसीबी की टीम दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जमशेदपुर स्थित क्षेत्रीय कार्यालय ले गई है, जहां उनसे गहन पूछताछ की जा रही है। एसीबी के अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में जल्द ही विस्तृत खुलासा किया जाएगा और संलिप्त अन्य कड़ियों को जोड़ा जाएगा।








