सरायकेला : जिले से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की परीक्षा में सफलता के नाम पर जिले और मीडिया को गुमराह किया गया। गम्हरिया प्रखंड अंतर्गत टायो कॉलोनी के निवासी आयुष कुमार ने यूपीएससी में 143वीं रैंक हासिल करने का झूठा दावा किया, जिसे बिना पुष्टि के कई बड़े समाचार पत्रों के डिजिटल प्लेटफॉर्म्स ने प्रमुखता से प्रकाशित कर दिया।
शनिवार सुबह खुला राज
मामले का खुलासा शनिवार, 7 मार्च को तब हुआ जब स्थानीय लोगों ने सुबह के समाचार पत्रों में इस बड़ी उपलब्धि की खबर ढूंढनी चाही। कल शाम तक डिजिटल मीडिया पर ‘ब्रेकिंग न्यूज’ के रूप में तैर रही आयुष की तस्वीर और सफलता की कहानी मुख्य समाचार पत्रों के प्रिंट संस्करणों से पूरी तरह गायब थी। संदेह होने पर जब तथ्यों की बारीकी से जांच की गई, तो पता चला कि आयुष कुमार नामक इस युवक का चयन सूची में कहीं नाम ही नहीं है।
पुराना रहा है विवादों से नाता
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, टायो कॉलोनी में इस तरह का यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी कुछ शातिर तत्वों द्वारा सफलता के झूठे दावों के जरिए समाज और प्रशासन को भ्रमित करने की कोशिशें की जा चुकी हैं।
कानूनी शिकंजे में आयुष
झूठी खबर के वायरल होने से न केवल जिले की छवि धूमिल हुई है, बल्कि उन गंभीर छात्रों की भावनाओं को भी ठेस पहुंची है जो दिन-रात मेहनत करते हैं। प्रशासन अब इस मामले को गंभीरता से ले रहा है। सूत्रों की मानें तो फर्जी सूचना प्रसारित करने और धोखाधड़ी के आरोप में आयुष कुमार पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।







