चाईबासा: एसीसी सीमेंट प्लांट के भविष्य और उसके निर्बाध संचालन को सुनिश्चित करने की मांग को लेकर ‘एसीसी बचाओ संघर्ष समिति’ के प्रतिनिधिमंडल ने झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने प्लांट से जुड़े विभिन्न मुद्दों और स्थानीय लोगों की चिंताओं से उन्हें अवगत कराया।
समिति के प्रतिनिधिमंडल में संयोजक रमेश बालमुचू, सह-संयोजक सुखमोहन लुगुन, समाजसेवी जितेंद्र गोप, रैयत एवं एसीसी के वेंडर जमुना कुमारी गोप सहित अन्य सदस्य शामिल थे। प्रतिनिधियों ने प्लांट की वर्तमान स्थिति, रोजगार, स्थानीय हितों तथा उत्पादन को नियमित रूप से जारी रखने से जुड़े विषयों पर विस्तार से चर्चा की।
इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा, पूर्व सांसद गीता कोड़ा तथा पूर्व मंत्री बाड़कुंवर गागराई भी मौजूद रहे। प्रतिनिधिमंडल ने सभी नेताओं के समक्ष प्लांट से जुड़े मुद्दों का विस्तृत ब्यौरा प्रस्तुत किया और शीघ्र समाधान की मांग की।
बाबूलाल मरांडी ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुनते हुए मामले में तत्काल पहल का भरोसा दिया। उन्होंने बताया कि उन्होंने अहमदाबाद स्थित अडानी प्रबंधन से टेलीफोन पर संपर्क कर एसीसी सीमेंट प्लांट से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की है। साथ ही प्रबंधन से इस मामले में सकारात्मक पहल करते हुए जल्द समाधान की दिशा में कदम उठाने का आग्रह भी किया।
मरांडी ने यह भी जानकारी दी कि अडानी प्रबंधन के साथ हुई बातचीत और आगे की रणनीति को लेकर वे आज चाईबासा में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में विस्तार से जानकारी देंगे। क्षेत्र के लोगों की निगाहें अब इस प्रेस वार्ता पर टिकी हैं, जहां प्लांट के भविष्य और संचालन को लेकर महत्वपूर्ण घोषणाएं होने की उम्मीद जताई जा रही है।








