आदित्यपुर: कुड़मी सेना टोटोमिक के तत्वावधान में हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी भव्य करमा महोत्सव का आयोजन आदित्यपुर फुटबॉल मैदान में किया जाएगा। कार्यक्रम को लेकर कुड़मी सेना टोटोमिक के केंद्रीय अध्यक्ष लालटू महतो ने जानकारी साझा करते हुए कहा कि आयोजन का उद्देश्य झारखंड की समृद्ध लोक-संस्कृति, परंपराओं और खेत-खलिहान से जुड़ी पुरखों की विरासत को जीवंत बनाए रखना है।
लालटू महतो ने बताया कि पूर्व में करमा महोत्सव का आयोजन जी-टाउन मैदान में किया जाता था, लेकिन वहां ओपन जिम स्थापित होने के बाद पिछले करीब चार वर्षों से कार्यक्रम को आदित्यपुर फुटबॉल मैदान में आयोजित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पारंपरिक रूप से करमा पर्व गांवों में नदी किनारे और अखड़ा में मनाया जाता था। हालांकि बदलते समय और शहरी जीवनशैली के बीच शहर में पले-बढ़े बच्चों को अपनी मूल संस्कृति एवं परंपराओं से जोड़ने के उद्देश्य से करमा महोत्सव को व्यापक स्तर पर आयोजित किया जा रहा है।
उन्होंने अमर शहीद सुनील महतो का स्मरण करते हुए कहा कि रीगल मैदान से इस परंपरा की शुरुआत की गई थी, जिसे अब लगातार आगे बढ़ाया जा रहा है। इस वर्ष के आयोजन में झारखंड के विभिन्न क्षेत्रों से कई गणमान्य अतिथियों को आमंत्रित किया जाएगा।
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27 सितंबर को वनबिहारी महतो की प्रतिमा का अनावरण
करमा महोत्सव के अवसर पर एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम भी आयोजित होगा। लालटू महतो ने बताया कि सरायकेला विधानसभा के पूर्व विधायक एवं झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री स्वर्गीय वनबिहारी महतो की स्मृति में गांव के बीचों-बीच उनकी आदमकद प्रतिमा स्थापित की जा रही है।
उन्होंने कहा कि साधारण ग्रामीण पृष्ठभूमि से निकलकर विधानसभा और मंत्री पद तक का सफर तय करने वाले वनबिहारी महतो का जीवन आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत है। आगामी 27 सितंबर को करमा महोत्सव के दिन ही आमंत्रित मुख्य अतिथियों द्वारा उनकी आदमकद प्रतिमा का विधिवत अनावरण किया जाएगा।
आयोजकों के अनुसार करमा महोत्सव के माध्यम से जहां पारंपरिक लोक-संस्कृति और रीति-रिवाजों को संरक्षित करने का प्रयास किया जा रहा है, वहीं नई पीढ़ी को झारखंड की सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने का संदेश भी दिया जाएगा।







