जमशेदपुर: जमशेदपुर साइबर अपराध थाना पुलिस ने करोड़ों रुपये की साइबर ठगी के एक बड़े मामले का खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर एक स्वयंसेवी संस्था (NGO) को CSR फंड दिलाने का झांसा देकर उसके बैंक खाते का दुरुपयोग करते हुए करीब तीन करोड़ रुपये के लेन-देन में शामिल होने का आरोप है।
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साइबर थाना में दर्ज कांड संख्या 52/2026 के अनुसार, शिकायतकर्ता रीना पाण्डेय ने आरोप लगाया था कि उनकी संस्था HOPE – Help For All Foundation को CSR फंड दिलाने का प्रलोभन देकर आरोपियों ने एक्सिस बैंक में संस्था का चालू खाता खुलवाया। इसके बाद सत्यापन के बहाने खाते से संबंधित चेकबुक और सिम कार्ड अपने कब्जे में ले लिए।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि मुख्य आरोपी अमन कुमार सिंह उर्फ रेखु ने अपने अन्य साइबर अपराधियों के साथ मिलकर 22 दिसंबर 2025 को संस्था के बैंक खाते से जुड़े दस्तावेज लेकर लखनऊ पहुंचकर संगठित तरीके से इस अपराध को अंजाम दिया। पुलिस के अनुसार, महज पांच दिनों के भीतर खाते से लगभग तीन करोड़ रुपये का जमा और निकासी की गई।
अनुसंधान में यह भी सामने आया कि घटना से पहले ही आरोपी ने अक्टूबर 2025 में शिकायतकर्ता की ई-मेल आईडी और इंटरनेट बैंकिंग का एक्सेस अपने मोबाइल फोन में सक्रिय कर लिया था, जिससे बैंक खाते का संचालन आसानी से किया जा सका।
साइबर थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 29 वर्षीय अमन कुमार सिंह उर्फ रेखु को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी मूल रूप से देवरिया (उत्तर प्रदेश) का निवासी है और वर्तमान में सरायकेला-खरसावां जिले के आदित्यपुर क्षेत्र में रह रहा था।
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपी के कब्जे से वीवो कंपनी का एक मोबाइल फोन बरामद किया है। पुलिस अब इस गिरोह से जुड़े अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी है और मामले की गहन जांच जारी है।








