नोवामुंडी में हाथी का कहर: एक परिवार के 4 समेत 5 की मौत, मधु कोड़ा ने मांगा 10 लाख मुआवजा

हाथी का कहर : ग्रामीणों से बात करते मधु कोड़ा

जंगली हाथी के हमले में एक ही परिवार के चार सदस्यों की दर्दनाक मौत, झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा पीड़ित गांव पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण

चाईबासा / नोवामुंडी : नोवामुंडी प्रखंड अंतर्गत पंचायत जेटेया के ग्राम बावड़िया मुंडा टोला में मंगलवार रात करीब 10:30 बजे जंगली हाथी के हमले में एक ही परिवार के चार सदस्यों की दर्दनाक मौत हो गई। वहीं बड़ापसिया टोला डुगुड़ वसा में भी हाथी के हमले से मंगल बोबोंगा की जान चली गई। इस हृदयविदारक घटना से पूरे इलाके में शोक और दहशत का माहौल है।

चाईबासा में हाथी का कहर : झुंड से बिछड़े हाथी ने 8 की ली जान, इलाक़े में दहशत

हाथी के कहर के बाद गांव पहुंचे मधु कोड़ा
हाथी के कहर सुनकर गांव पहुंचे मधु कोड़ा

घटना की सूचना मिलते ही पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा

घटना की जानकारी मिलते ही झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री एवं वरिष्ठ नेता श्री मधु कोड़ा पीड़ित गांव पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने मृतकों के परिजनों से मुलाकात कर गहरी संवेदना व्यक्त की और हर संभव सहायता का आश्वासन दिया।

 

वन विभाग को शीघ्र मुआवजा देने के निर्देश

श्री कोड़ा ने मौके पर मौजूद वन विभाग के रेंजर से बातचीत कर मृतकों के आश्रितों को शीघ्र मुआवजा उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की घटनाओं में देरी पीड़ित परिवारों की पीड़ा को और बढ़ा देती है।

चाईबासा में वन विभाग के अधिकारियों से की समीक्षा बैठक

इसके बाद पूर्व मुख्यमंत्री चाईबासा पहुंचे, जहां उन्होंने कोल्हान क्षेत्र के कंजरवेटर ऑफ फॉरेस्ट सहित अन्य वरिष्ठ वन अधिकारियों से मुलाकात की। बैठक में हाथियों की लगातार बढ़ती गतिविधि, ग्रामीण क्षेत्रों में हो रहे हमले और उनके स्थायी समाधान पर विस्तृत चर्चा हुई।

ग्रामीणों को जागरूक करने और निगरानी प्रणाली मजबूत करने की मांग

श्री कोड़ा ने सुझाव दिया कि ग्राम सभा के माध्यम से ग्रामीणों को सतर्क और जागरूक किया जाए, विशेषज्ञ टीम की सहायता से हाथियों को सुरक्षित रूप से जंगल की ओर खदेड़ने की व्यवस्था बने, आधुनिक निगरानी प्रणाली लागू कर रात के समय भी जंगली जानवरों की गतिविधियों पर नजर रखी जाए।

हाथी का कहर : ग्रामीणों से बात करते मधु कोड़ा
ग्रामीणों से बात करते मधु कोड़ा

खनन क्षेत्र में बाधित हाथी कॉरिडोर को बताया बड़ा कारण

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि खनन क्षेत्रों में की गई अव्यवस्थित बैरिकेडिंग से हाथियों के पारंपरिक रास्ते (कॉरिडोर) बाधित हो गए हैं, जिसके कारण वे भटककर रिहायशी इलाकों में प्रवेश कर रहे हैं। इस मुद्दे पर सरकार और कंपनियों को गंभीरता से विचार करना चाहिए।

कोल्हान क्षेत्र के कंजरवेटर ऑफ फॉरेस्ट सहित अन्य वरिष्ठ वन अधिकारियों से मुलाकात
कोल्हान क्षेत्र के कंजरवेटर ऑफ फॉरेस्ट सहित अन्य वरिष्ठ वन अधिकारियों से मुलाकात करते हुए मधु कोड़ा

10 लाख मुआवजा और बच्चों की जिम्मेदारी सरकार उठाए: मधु कोड़ा

श्री कोड़ा ने राज्य सरकार से मांग की कि प्रत्येक मृतक के परिजनों को ₹10 लाख मुआवजा दिया जाए, जिन बच्चों के माता-पिता की मृत्यु हुई है, उनकी शिक्षा और भरण-पोषण की पूरी जिम्मेदारी सरकार उठाए।

कई स्थानीय नेता रहे मौजूद

इस दौरान नोवामुंडी मंडल अध्यक्ष चंद्र मोहन गोप, मीडिया प्रभारी विनित कुमार गोप, निखिलेश बोबोंगा, सुखराम कोड़ा, पीतांबर बोबोंगा, लक्ष्मण गोप समेत कई स्थानीय नेता और ग्रामीण उपस्थित थे।

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