Chaibasa (चाईबासा) : सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मंझारी अंतर्गत ग्राम बड़ा तोरलो में रात्रि चौपाल सह स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व जिला वेक्टर जनित रोग नियंत्रण पदाधिकारी (VBD) डॉ. मीना कालुंडिया एवं प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. परमानंद बिरुवा ने संयुक्त रूप से किया।

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कार्यक्रम में करीब 200 ग्रामीण महिला-पुरुषों, युवाओं एवं बुजुर्गों ने भाग लिया। रात्रि चौपाल के दौरान मलेरिया, फाइलेरिया एवं डेंगू जैसी वेक्टर जनित बीमारियों के कारण, लक्षण, बचाव और उपचार के संबंध में विस्तार से जानकारी दी गई।
इस अवसर पर एसआई शंभू शंकर गोप ने ग्रामीणों को बताया कि समय पर जांच एवं उपचार कराने के साथ-साथ मच्छरों की रोकथाम के उपाय अपनाकर इन बीमारियों से बचा जा सकता है। उन्होंने लोगों से बुखार या अन्य लक्षण दिखने पर तत्काल स्वास्थ्य केंद्र में जांच कराने की अपील की।
कार्यक्रम में प्रोजेक्टर एवं ऑडियो-विजुअल माध्यम से जागरूकता फिल्म का प्रदर्शन भी किया गया। ग्रामीणों ने पूरे कार्यक्रम को रुचिपूर्वक देखा और स्वास्थ्य संबंधी संदेशों को गंभीरता से ग्रहण किया।
पिरामल फाउंडेशन के प्रतिनिधि अजित कुमार ने मलेरिया, फाइलेरिया एवं डेंगू से संबंधित विस्तृत जानकारी साझा करते हुए लोगों से नियमित रूप से मच्छरदानी का उपयोग करने, घर एवं आसपास साफ-सफाई बनाए रखने, कीटनाशी दवाओं का छिड़काव कराने तथा बुखार होने पर तुरंत जांच कराने का आग्रह किया।
रात्रि चौपाल के साथ स्वास्थ्य शिविर का भी आयोजन किया गया, जिसमें ग्रामीणों के रक्तचाप (बीपी), रक्त शर्करा (शुगर), मलेरिया एवं हीमोग्लोबिन की जांच की गई। आवश्यकतानुसार चिकित्सीय परामर्श एवं उपचार की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई।
कार्यक्रम में बीडीएम नरेश गोप, सीएचओ गंगा, अंजु रोशनी बेक, प्रतिभा तिग्गा, सुजाता पड़ेया, एएनएम अंजुला तिर्की, बबीता कुमारी, बबली कुमारी, एमपीडब्ल्यू प्रभुनाथ बोयपाई, अभिषेक बेहरा, हेमंत बिरुवा सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी एवं ग्रामीण उपस्थित थे।
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