चाईबासा (पश्चिमी सिंहभूम): चाईबासा में भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा, पश्चिमी सिंहभूम के नेतृत्व में सोमवार को समाहरणालय पहुंचकर झारखंड की राज्यपाल के नाम एक ज्ञापन उपायुक्त को सौंपा गया। यह ज्ञापन हजारीबाग जिले के कुसुंबा गांव की मृतक युवती को न्याय दिलाने की मांग को लेकर दिया गया।
क्या है मामला?
ज्ञापन में हजारीबाग के विष्णुगढ़ प्रखंड स्थित कुसुंबा गांव की बेटी की मौत के मामले को उठाते हुए दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी और उन्हें कड़ी सजा दिलाने की मांग की गई है।
महिला मोर्चा ने इस घटना को गंभीर बताते हुए कहा कि यह न केवल एक परिवार बल्कि पूरे समाज के लिए चिंता का विषय है।

कानून-व्यवस्था पर उठाए सवाल
कार्यक्रम के दौरान नेताओं ने झारखंड में बढ़ रही आपराधिक घटनाओं पर चिंता जताई।
उन्होंने कहा कि राज्य में महिलाओं के खिलाफ अपराध जैसे उत्पीड़न, बलात्कार, अपहरण और हत्या की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, जिससे कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
साथ ही रूपा तिर्की और संध्या टोपनो जैसे मामलों का उल्लेख करते हुए सरकार की कार्यशैली पर नाराजगी व्यक्त की गई।
प्रमुख मांगें
महिला मोर्चा की ओर से प्रशासन के समक्ष कई अहम मांगें रखी गईं:
आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी
दोषियों को फांसी की सजा
पीड़ित परिवार को सुरक्षा
परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी
₹50 लाख की आर्थिक सहायता
सरकार के प्रति नाराजगी
कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार इस तरह के मामलों में संवेदनशीलता नहीं दिखा रही है।
उन्होंने पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए आंदोलन तेज करने की भी बात कही।
ये रहे प्रमुख लोग मौजूद
इस मौके पर जिला अध्यक्ष गीता बालमुचु, महिला मोर्चा जिला अध्यक्ष दुर्गावती बोयपाई सहित रूपा सिंह दास, सुखमती बिरुवा, जानकी देवी, रिना कर, दीपा नन्दी, अंजना देवी, सरस्वती गोप, बसन्ती गोप समेत दर्जनों कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
प्रशासन से क्या मांग?
ज्ञापन के माध्यम से राज्यपाल से अपील की गई है कि राज्य सरकार को इस मामले में शीघ्र और प्रभावी कार्रवाई करने का निर्देश दिया जाए, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।








