वर्ल्ड बिगेस्ट ओलंपियाड: जैंतगढ़ की बेटी लिजा शमीम ने फहराया परचम

जैंतगढ़ : वर्ल्ड बिगेस्ट ओलंपियाड में सफलता हासिल कर जैंतगढ़ की बेटी लिजा शमीम ने पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है। छोटे से कस्बे जैंतगढ़ की रहने वाली लिजा ने यह साबित कर दिया कि मेहनत और लगन से किसी भी मुकाम को हासिल किया जा सकता है। अकादमिक वर्ष 2026-27 में लिजा ने एक के बाद एक कुल पांच पुरस्कार जीतकर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है।

जैंतगढ़

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लिजा शमीम, शम्मा बानो और एन अहमद की सुपुत्री हैं और वर्तमान में Kerala English Medium School Champua में कक्षा सातवीं की छात्रा हैं। उन्होंने कक्षा छह के दौरान विभिन्न राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भाग लेकर शानदार प्रदर्शन किया।

वर्ल्ड बिगेस्ट ओलंपियाड

SOF ओलंपियाड में शानदार उपलब्धि

वर्ल्ड बिगेस्ट ओलंपियाड के अंतर्गत आयोजित Science Olympiad Foundation (SOF) की परीक्षा में लिजा ने आईसीएसओ विषय में क्लास टॉपर बनने के साथ-साथ पूरे स्कूल में तीसरा स्थान प्राप्त किया। इस उपलब्धि के लिए उन्हें मेडल और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।

एक साल में पांच पुरस्कार, लगातार सफलता

लिजा शमीम ने एक ही शैक्षणिक वर्ष में पांच अलग-अलग प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। उन्होंने यूएसओ नेशनल ओलंपियाड में टॉप किया, वहीं ग्रीन ओलंपियाड में सामान्य ज्ञान और National Science Olympiad (NSO) में विज्ञान विषय में बेहतर प्रदर्शन कर सम्मान प्राप्त किया।

इसके अलावा, 15 अगस्त 2025 को आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह में अंग्रेजी भाषण प्रतियोगिता में अनुमंडल स्तर पर तीसरा स्थान हासिल किया। यह उपलब्धि उनके आत्मविश्वास और बहुमुखी प्रतिभा को दर्शाती है।

अनुशासन और मेहनत है सफलता की कुंजी

लिजा शमीम अपनी सफलता का श्रेय अनुशासित अध्ययन को देती हैं। उनका कहना है कि शिक्षकों, माता-पिता और अपने भाई के सहयोग से उन्होंने यह मुकाम हासिल किया है। उनका लक्ष्य आगे भी इसी तरह मेहनत करते हुए देश और अपने क्षेत्र का नाम रोशन करना है।

बेटियों के लिए प्रेरणा बनी लिजा

जैंतगढ़ जैसे छोटे कस्बे से निकलकर राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाना अपने आप में बड़ी उपलब्धि है। लिजा शमीम आज उन सभी बेटियों के लिए प्रेरणा बन गई हैं, जो सीमित संसाधनों के बावजूद बड़े सपने देखती हैं।

निष्कर्ष

वर्ल्ड बिगेस्ट ओलंपियाड में लिजा शमीम की सफलता यह साबित करती है कि प्रतिभा किसी स्थान की मोहताज नहीं होती। सही मार्गदर्शन, कड़ी मेहनत और आत्मविश्वास के बल पर हर लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है।

http://जैंत गढ़ की बेटियां यूएसओ टॉपर: नेशनल लेवल पर तीन छात्राओं ने बढ़ाया क्षेत्र का मान

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