Jamshedpur (जमशेदपुर) : झारखंड के जमशेदपुर में सोमवार, 12 अक्टूबर को भाजपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच प्रदर्शन के दौरान हिंसक झड़प हो गई। बिष्टुपुर स्थित कांग्रेस जिला मुख्यालय तिलक पुस्तकालय के बाहर दोनों पक्षों के बीच पहले नारेबाजी और तीखी नोकझोंक हुई। इसके बाद विवाद बढ़ गया और लाठी-डंडे चलने के साथ दोनों ओर से पथराव होने लगा। घटना में दर्जनभर से अधिक कार्यकर्ताओं के घायल होने की सूचना है। अचानक हुए घटनाक्रम से मौके पर अफरा-तफरी मच गई।

## कांग्रेस मुख्यालय के बाहर आमने-सामने आए दोनों दल
प्राप्त मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, भाजपा जमशेदपुर महानगर महिला मोर्चा की ओर से जेएनयू प्रकरण को लेकर कांग्रेस सांसद डॉ. अंगोमचा बिमोल अकोईजाम के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए प्रदर्शन किया गया। भाजपा कार्यकर्ताओं ने बिष्टुपुर के जी टाउन क्लब मैदान से मार्च निकाला और कांग्रेस मुख्यालय तिलक पुस्तकालय पहुंचे।
कांग्रेस कार्यालय के बाहर प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध में नारेबाजी शुरू कर दी। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ गया और स्थिति तनावपूर्ण हो गई। इसके बाद मारपीट और पत्थरबाजी की घटना सामने आई।

## पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष समेत कई घायल
पथराव में भाजपा के पूर्व जिला अध्यक्ष दिनेश कुमार और कांग्रेस के एक पदाधिकारी समेत कई लोगों के घायल होने की खबर है। मीडिया रिपोर्टों में 10 से अधिक लोगों के सिर में चोट लगने और दर्जनभर से अधिक कार्यकर्ताओं के घायल होने की सूचना दी गई है। घायलों की अंतिम संख्या और उनकी स्थिति की आधिकारिक पुष्टि अभी आवश्यक है।
## जेएनयू प्रकरण को लेकर हो रहा था प्रदर्शन
भाजपा महिला मोर्चा का प्रदर्शन दिल्ली स्थित जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) से जुड़े छात्राओं के कथित यौन उत्पीड़न मामले को लेकर था। भाजपा की ओर से मणिपुर के कांग्रेस सांसद डॉ. अंगोमचा बिमोल अकोईजाम के खिलाफ कार्रवाई, गिरफ्तारी और बर्खास्तगी की मांग उठाई गई थी।
हालांकि, दोनों पक्षों के बीच विवाद की शुरुआत किस बात से हुई और पथराव पहले किस ओर से शुरू हुआ, इसकी स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। घटना के बाद पुलिस की कार्रवाई, घायलों के उपचार और मामले में दर्ज शिकायतों से संबंधित आधिकारिक जानकारी की पुष्टि की जानी बाकी है।
राजनीतिक प्रदर्शन के दौरान हुई इस हिंसक झड़प ने शहर में कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। मामले में आगे की स्थिति पुलिस की जांच और आधिकारिक बयानों से स्पष्ट होगी।








